Pradhan Mantri Shahri Awas Yojana: PMAY में फर्जीवाड़े पर लगेगा फुल स्टॉप! सरकार ने ये काम कर दिया अनिवार्य
प्रधानमंत्री शहरी आवास योजना में अब पारदर्शिता बढ़ाने के लिए नई व्यवस्था लागू की गई है। इसके तहत, आवेदक को अपने पूरे परिवार के आधार कार्ड का विवरण देना अनिवार्य होगा।
यह कदम एक ही परिवार द्वारा नाम बदलकर दोबारा आवेदन करने से रोकेगा। पोर्टल एक परिवार का आवेदन केवल एक बार ही स्वीकार करेगा, जिससे वास्तविक जरूरतमंदों को ही योजना का लाभ मिल सकेगा।
योजना में अब क्या बदल गया है?
-
प्रधानमंत्री शहरी आवास योजना में पूरे परिवार का आधार अनिवार्य।
-
नई व्यवस्था से एक परिवार दोबारा आवेदन नहीं कर पाएगा।
-
योजना में पारदर्शिता बढ़ेगी, केवल जरूरतमंदों को ही मिलेगा लाभ।
प्रधानमंत्री शहरी आवास योजना (Pradhan Mantri Shahri Awas Yojana) में पारदर्शिता बढ़ाने के लिए नई व्यवस्था लागू कर दी गई है। अब योजना के तहत आवेदन करते समय आवेदक को अपने पूरे परिवार के आधार कार्ड का विवरण दर्ज करना अनिवार्य होगा।
नई प्रक्रिया लागू होने के बाद कोई भी परिवार नाम या सदस्य बदलकर दोबारा आवेदन नहीं कर सकेगा। पोर्टल एक परिवार का आवेदन केवल एक बार ही स्वीकार करेगा।
पहले कैसे होती थी गड़बड़ी?
अब तक की व्यवस्था में आवेदन के दौरान पति, पत्नी और परिवार के केवल एक सदस्य का ही आधार कार्ड अपलोड किया जाता था। इसका लाभ उठाकर परिवार के अन्य सदस्य अलग-अलग नामों से दोबारा आवेदन कर लेते थे और योजना का अनुचित लाभ हासिल कर लेते थे।
इस गड़बड़ी को रोकने के लिए सरकार ने आवेदन प्रक्रिया में बदलाव किया है। शहरी निकाय क्षेत्रों में पात्र और मकान विहीन परिवारों को प्रधानमंत्री शहरी आवास योजना के तहत आवास उपलब्ध कराए जा रहे हैं।
जिले की दस नगर निकायों से अब तक करीब दस हजार लोगों ने आवास के लिए आवेदन किया है। इन सभी आवेदनों का सत्यापन डूडा विभाग द्वारा कराया जा रहा है।
Post Office का बड़ा तोहफा! शादीशुदा लोग ऐसे पाएं हर महीने ₹9250 की कमा
आधार मिलान के बाद ही आगे बढ़ेगा फॉर्म
नई प्रक्रिया के तहत अब आवेदक को परिवार के सभी सदस्यों का आधार कार्ड विवरण देना होगा। आधार के मिलान के बाद ही आवेदन प्रक्रिया पूरी होगी।
यदि किसी परिवार की ओर से पहले से आवेदन किया जा चुका होगा, तो पोर्टल दोबारा आवेदन स्वीकार नहीं करेगा। पीओ डूडा सुभाषवीर सिंह ने बताया कि नई व्यवस्था से योजना में पारदर्शिता आएगी और वास्तविक जरूरतमंद परिवारों को ही आवास का लाभ मिल सकेगा।
प्रधानमंत्री शहरी आवास योजना में कितना पैसा मिलता है?
अगर आप पहली बार इस योजना के बारे में सुन रहे हैं, तो आपके मन में सवाल होगा कि आखिर सरकार इसमें मदद कितनी करती है? तो सीधी बात ये है कि सरकार बेघर लोगों को पक्का मकान बनाने के लिए आर्थिक मदद देती है।
इस स्कीम में अलग-अलग कैटेगरी के हिसाब से करीब 1 लाख से लेकर 2.67 लाख रुपये तक की सब्सिडी (छूट) मिलती है। यह पैसा सीधे आपके बैंक खाते में आता है, ताकि बिचौलियों का कोई खेल न रहे।
फॉर्म भरने के लिए कौन लोग सही माने जाएंगे?
नये नियमों के साथ-साथ यह जानना भी बहुत ज़रूरी है कि आखिर फॉर्म कौन भर सकता है। अगर आप नीचे दी गई शर्तें पूरी करते हैं, तो आप भी अप्लाई कर सकते हैं:
-
आवेदक के पास पहले से भारत में कहीं भी पक्का मकान नहीं होना चाहिए।
-
परिवार की सालाना कमाई 3 लाख रुपये से लेकर 18 लाख रुपये के बीच होनी चाहिए (अलग-अलग ग्रुप के हिसाब से)।
-
परिवार में पति, पत्नी और अविवाहित बच्चे शामिल माने जाएंगे।
-
अगर किसी ने पहले सरकार की किसी हाउसिंग स्कीम का फायदा ले लिया है, तो उन्हें दोबारा मौका नहीं मिलेगा।
सरकार का मकसद साफ़ है—जो सच में गरीब है और जिसके पास छत नहीं है, उसे ही घर मिले। फर्जीवाड़ा रोकने के लिए आधार कार्ड वाला यह नया नियम बहुत कारगर साबित होगा। अगर आपने अभी तक प्रधानमंत्री शहरी आवास योजना में आवेदन नहीं किया है और आप पात्र हैं, तो अपने नजदीकी जन सेवा केंद्र (CSC) या नगर निगम दफ्तर जाकर पता कर सकते हैं।
FAQs
Q1: क्या मैं अपने भाई के साथ मिलकर एक ही घर के लिए दो बार अप्लाई कर सकता हूँ?
Ans: बिल्कुल नहीं! नये नियम के मुताबिक अब पूरे परिवार का आधार लिंक होगा। अगर सिस्टम ने पकड़ लिया कि एक ही परिवार से दो अर्जी आई हैं, तो दोनों रद्द हो सकती हैं।
Q2: प्रधानमंत्री शहरी आवास योजना की लिस्ट में अपना नाम कैसे देखूँ?
Ans: बहुत आसान है। आप PMAY-Urban की वेबसाइट पर जाकर ‘Search Beneficiary’ वाले ऑप्शन में अपना आधार नंबर डालकर चेक कर सकते हैं कि लिस्ट में नाम आया है या नहीं।
Q3: मुझे पैसे कब मिलेंगे, फॉर्म तो भर दिया है?
Ans: फॉर्म भरने के बाद सरकारी अधिकारी (जैसे डूडा विभाग वाले) आपके दस्तावेजों की जांच करते हैं। अगर सब सही मिला, तो कुछ महीनों के अंदर किस्तों में पैसा आना शुरू हो जाता है।
Q4: अगर मेरा आधार कार्ड मोबाइल से लिंक नहीं है तो क्या फॉर्म भरा जाएगा?
Ans: फॉर्म भरने के लिए आधार और मोबाइल का लिंक होना बहुत ज़रूरी है, क्योंकि उसी पर OTP आता है। अगर लिंक नहीं है, तो पहले आधार सेंटर जाकर इसे अपडेट करवा लें।
Q5: क्या गाँव के लोग भी शहरी आवास योजना का फॉर्म भर सकते हैं?
Ans: नहीं, जैसा नाम से ही साफ़ है—यह ‘शहरी’ योजना है। गाँव वालों के लिए ‘प्रधानमंत्री ग्रामीण आवास योजना’ अलग से चलती है, उन्हें वहां आवेदन करना चाहिए।
(देश और दुनिया की ताज़ा खबरें सबसे पहले पढ़ें Deshtak.com पर , आप हमें Facebook, Twitter, Instagram , LinkedIn और Youtube पर फ़ॉलो करे)








