कांग्रेस नेता उदित राज (congress leader udit raj) का बड़ा बयान: पाकिस्तान बना ‘विश्व गुरु और ग्लोबल लीडर’?
ईरान और इजरायल-अमेरिका के बीच चल रहे युद्ध में सीजफायर के बाद से पाकिस्तान की खूब चर्चा हो रही है। मध्यस्थता में उसकी भूमिका पर बहस के बीच कांग्रेस के एक वरिष्ठ नेता ने पड़ोसी मुल्क को ‘विश्व गुरु और ग्लोबल लीडर’ कहकर संबोधित किया है। उन्होंने पीएम मोदी पर निशाना साधते हुए ऐसी बातें कहीं। उन्होंने साफ़ कहा कि विदेशों में पाकिस्तानी अब भारतीयों का मजाक उड़ा रहे हैं।
कांग्रेस के दलित नेता और दिल्ली के पूर्व सांसद उदित राज ने कहा कि पाकिस्तान ने युद्ध रुकवाकर विश्व गुरु का खिताब ले लिया है। उन्होंने इसके लिए पीएम मोदी की आलोचना करते हुए एक्स पर लिखा, ‘कांग्रेस ने जो करीब 70 साल में इज्जत कमाई, उसे पीएम मोदी ने बर्बाद कर दिया। पाकिस्तान ने अमेरिका, इजराइल और ईरान के बीच युद्ध की मध्यस्थता करके विश्वगुरु का खिताब ले लिया।’
मोदी की विदेश नीति पर सवाल: क्या पाकिस्तान वाकई ग्लोबल लीडर बन गया है?
उदित राज ने पीएम मोदी की विदेश नीति की आलोचना करते हुए कहा कि उन्होंने निजी विदेशी यात्राओं के दौरान बिना कारण हंसी-मजाक और जबरन गले मिलकर न सिर्फ खुद का मजाक उड़वाया, बल्कि देश का नाम भी बदनाम किया।
कांग्रेस नेता ने आगे कहा, ‘कंगाल और आतंकी पाकिस्तान ने ऑपरेशन सिंदूर में अपने समर्थन में कुछ देशों को खड़ा कर लिया था और अब ग्लोबल लीडर भी बन गया है। विदेश में बसे तमाम भारतीयों ने कहा कि पाकिस्तानी और वहां के अन्य लोग उनका मजाक उड़ा रहे हैं। देश के अंदर झूठ चल सकता है विदेश में नहीं।’ मैंने खुद भी देखा है कि कैसे ग्लोबल ऑप्टिक्स रातों-रात बदल जाते हैं, और फिलहाल हवा का रुख थोड़ा पेचीदा लग रहा है।
ईरान-अमेरिका युद्ध विराम और पाकिस्तान की भूमिका का सच
ईरान और अमेरिका-इजरायल के बीच पाकिस्तान में स्थायी युद्धविराम के लिए अब आगे की बातचीत होनी है। इस बीच अपनी सीमित भूमिका को भी पाकिस्तान बढ़ा-चढ़ाकर पेश करने और अपनी वाहवाही में जुटा है। पाकिस्तान के विदेश मंत्री ख्वाजा आसिफ ने बुधवार को कहा कि इस्लामाबाद को अब क्षेत्र में और वैश्विक स्तर पर एक ‘भरोसेमंद’ मध्यस्थ के रूप में मान्यता मिल रही है।
आसिफ ने पाकिस्तान की मध्यस्थता में अमेरिका और ईरान के बीच दो हफ्ते का सशर्त युद्ध-विराम समझौता होने के कुछ घंटों बाद इस्लामाबाद में संवाददाताओं से बातचीत में यह टिप्पणी की। उन्होंने कहा, “यह युद्ध-विराम हमारे पूरे नेतृत्व की सफलता है। हम इसके लिए अल्लाह के शुक्रगुजार हैं।”
आसिफ ने कहा कि पिछले साल भारत के साथ हुए संघर्ष के बाद से पाकिस्तान ने काफी लंबा सफर तय कर लिया है। ईरान-अमेरिका के बीच हुए युद्ध-विराम समझौते के बाद पूरी दुनिया इस्लामाबाद की ओर देख रही है। यह समझना जरूरी है कि यह सशर्त युद्ध-विराम कितना टिकता है, क्योंकि इसी पर पाकिस्तान की असली क्रेडिबिलिटी टिकी होगी।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQ)
क्या पाकिस्तान वाकई ‘विश्व गुरु’ बन गया है? उदित राज के अनुसार, ईरान-अमेरिका के बीच मध्यस्थता ने पाकिस्तान को यह खिताब दिलाया है। हालांकि, यह पूरी तरह एक राजनीतिक बयान है। असलियत में अंतरराष्ट्रीय स्तर पर इसके मायने अलग हो सकते हैं।
उदित राज ने पीएम मोदी की विदेश नीति के बारे में क्या कहा? उन्होंने कहा कि पीएम की निजी यात्राओं और व्यवहार ने देश का नाम बदनाम किया है। उनके मुताबिक, 70 साल की कमाई हुई इज्जत अब खतरे में है।
ईरान-इजरायल युद्ध में पाकिस्तान की क्या भूमिका है? पाकिस्तान का दावा है कि उसने अमेरिका और ईरान के बीच 2 हफ्ते का सशर्त युद्ध-विराम कराया है। इस्लामाबाद इसे अपनी कूटनीतिक जीत मान रहा है।
ऑपरेशन सिंदूर (Operation Sindhu) क्या है? यह एक कूटनीतिक घटनाक्रम है जिसमें पाकिस्तान ने कुछ देशों का समर्थन जुटाने का दावा किया था। उदित राज ने इसका जिक्र पाकिस्तान की बढ़ती ताकत दिखाने के लिए किया।
विदेशों में भारतीयों का मजाक क्यों उड़ रहा है? कांग्रेस नेता का दावा है कि पाकिस्तान की मध्यस्थता के बाद वहां बसे लोग भारतीयों पर तंज कस रहे हैं। सच तो यह है कि कूटनीतिक जमीन पर दावों और हकीकत में अक्सर बड़ा अंतर होता है। कोशिश करें कि इन चर्चाओं को केवल राजनीतिक चश्मे से ही न देखें।









